तारासेतुTarasetu
नक्षत्र · Nakshatra 11 of 27 · 13°20′–26°40′ Siṃha

पूर्व फाल्गुनी Pūrva Phālgunī(Purva Phalguni)

विवरण

विवरण
विस्तार13°20′–26°40′ Siṃha
स्वामीशुक्र Śukra
देवताभग — भोग, सौभाग्य और वैवाहिक सुख के देवता
प्रतीकएक झूले के अगले पाए; एक झूलता हुआ हैमॉक
गणmanushya
स्वभावउग्र किंतु उत्सवप्रिय (मीठे चेहरे वाला उग्र स्वभाव) — विश्राम, आनंद और उत्सव की कला।

पूर्वा फाल्गुनी वह झूला है जो राज्याभिषेक के बाद आता है — रचनात्मकता, प्रेम, खेल-भाव और जीवन के फलों का सहज, वैध आनंद। इन जातकों में जहाँ भी जाएँ वहीं गर्मजोशी और उत्सव का माहौल बनाने की क्षमता होती है, और अक्सर इनमें सच्ची कलात्मक प्रतिभा भी होती है; इनकी परिपक्वता तभी आती है जब ये यह जान लेते हैं कि समर्पण और आनंद एक ही झूले पर साथ बैठ सकते हैं।

स्रोतTaittirīya Brāhmaṇa 1.5BPHS, Chs. 46–49BPHS, Ch. 6Nakshatra tradition

पद · चारों पद
चारों पद
पदफल (नवांश के अनुसार)
1सिंह नवांश (सूर्य): देदीप्यमान कलाकार — पूर्ण चमक में रचनात्मक आनंद।
2कन्या नवांश (बुध): कला के पीछे की कुशलता — कौशल और विवेक से निखरा हुआ आनंद।
3तुला नवांश (शुक्र): रोमांटिक सौंदर्यप्रेमी — प्रेम, सौंदर्य और साझेदारी, मानो कला के रूप।
4वृश्चिक नवांश (मंगल): गहराता हुआ जुनून — भावनात्मक तीव्रता से भरी रचनात्मकता।

हिन्दी पाठ अंग्रेज़ी ज्ञानकोश से मशीन-अनूदित है और ज्योतिषी द्वारा समीक्षा की प्रतीक्षा में है। सिद्धांत और प्रमाण दोनों भाषाओं में एक ही हैं।

प्रमाण